17 जनवरी को होगी विश्व के सबसे बड़े शिवलिंग की स्थापना ; हेलीकॉप्टर से होगा जलाभिषेक एवं पुष्पवर्षा

17 जनवरी को होगी विश्व के सबसे बड़े शिवलिंग की स्थापना ; हेलीकॉप्टर से होगा जलाभिषेक एवं पुष्पवर्षा

CHAMPARAN DESK –  बिहार के पूर्वी चंपारण के कल्याणपुर प्रखंड स्थित रामजानकी पथ पर स्थित कैथवलिया गांव का भाग्योदय हो गया है. यहां विश्व का सबसे बड़ा विराट रामायण मंदिर का निर्माण हो रहा है. उसी मंदिर परिसर में विश्व का सबसे ऊंचे शिवलिंग की स्थापन होने जा रही है. इस शिवलिंग की स्थापन 17 जनवरी को होगी।स्थापना के बाद हेलीकॉप्टर से जलाभिषेक एवं पुष्पवर्षा किया जाएगा. जलाभिषेक के लिए कैलाश मान सरोवर, गंगोत्री, यमुनोत्री काशी व प्रयाग से जल मंगवाया जाएगा. शिवलिंग की स्थापना की तैयारी जोर शोर पर है. शिवलिंग को पेडेस्टर पर स्थापित करने के लिए भोपाल से दो क्रेन मंगवाए गए हैं. यह क्रेन 750 टन की क्षमता वाला है.

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विश्व का सबसे ऊंचा शिवलिंग का होगा स्थापना

विराट रामायण मंदिर परिसर में स्थापित होने वाला शिवलिंग 210 टन का है. इसकी ऊंचाई 33 फीट है।इसके निर्माण में 10 साल का समय लगा है. इसका निर्माण तमिलनाडु के महाबलीपुरम के शिल्पकारों द्वारा किया गया है. शिवलिंग की स्थापना के मौके पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के आने की संभावना जताई जा रही है. विराट रामायण मंदिर के सचिव ललन सिंह ने बताया कि शिवलिंग की स्थापना की तैयारी पूरी मुस्तैदी से हो रही है. साधु संतों एवं विद्वानों को आमंत्रित किया गया है. शिवलिंग की स्थापना को लेकर तैयारियां का जायजा लेने डीआईजी हरिकिशोर राय, डीएम सौरव जोरवाल, एसपी, डीएसपी संतोष कुमार कैथवलिया पहुंचे थे.

विश्व का सबसे बड़ा होगा विराट रामायण मंदिर

विश्व के सबसे बड़े विराट रामायण मंदिर का निर्माण कार्य हो रहा है. इस मंदिर का शिलान्यास जून 2012 में धार्मिक न्यास बोर्ड के तत्कालीन अध्यक्ष स्वर्गीय किशोर कुणाल ने किया था. पटना के महावीर मंदिर ट्रस्ट के द्वारा तकरीबन 500 करोड रुपए की लागत से 120 एकड़ में फैले इस मंदिर के निर्माण कार्य 2030 में पूरे होने की उम्मीद है. वही 280 फीट ऊंचा, 540 फीट चौड़ा और 1080 लम्बा और 120 एकड़ में मंदिर का ढांचा बनाया जा रहा है. वही इस मंदिर में भव्य परिसर 270 फीट ऊंचे मुख्य शिखर सहित कुल 12 शिखर का यह मंदिर होगा.

वही कैथवलीया में बन रहे विराट रामायण मंदिर अयोध्या राम मंदिर से तीन गुना बड़ा कंबोडिया के अंकोरवाट से ऊंचाई में दुगुना होगा. आने वाले समय में बिहार में वैश्विक धार्मिक पर्यटन का यह केंद्र बनेगा. साथ हीं अगर मंदिर की बात करें तो 3 लाख 76 हजार वर्ग फीट में तीन मजिला मंदिर होगा. मंदिर का निर्माण टाटा कंसल्टेंसी इंजीनियर और सेंटेक इंफ्रा सॉल्यूशन करा रही है.  विश्वस्तरीय भव्य मंदिर की ऊंचाई 270 फीट, चौड़ाई 540 फीट लंबाई 1080 फीट होगी।मंदिरों की संख्या की बात करें 22 मंदिर 12 शिखर जिसमें सबसे ऊंचा शिखर 270 फिट का होगा.

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