CHHAPRA DESK- खनुआ नाला एवं स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज परियोजना की प्रगति, लंबित कार्यों, नाला निर्माण की निरंतरता तथा शहर में जल निकासी की समस्या के समाधान को लेकर जिला पदाधिकारी वैभव श्रीवास्तव की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई. बैठक में बिहार राज्य पुल निर्माण निगम, नगर निगम छपरा, बुडको तथा संबंधित तकनीकी विभागों के पदाधिकारी एवं अभियंता उपस्थित थे. बैठक की शुरुआत पिछली बैठक में दिए गए निर्देशों के अनुपालन प्रतिवेदन की समीक्षा से हुई।
बिहार राज्य पुल निर्माण निगम के प्रतिनिधियों ने बताया कि स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज परियोजना को अप्रैल 2027 तक पूर्ण करने की समय-सीमा निर्धारित की गई है. जिला पदाधिकारी ने संबंधित एजेंसियों को कार्यों में तेजी लाने, निर्धारित समय-सीमा के अनुरूप प्रगति सुनिश्चित करने तथा नगर पालिका चौक से मोना चौक के बीच ड्रेन एवं सड़क संबंधी कार्यों को जल्द पूर्ण करने का निर्देश दिया. उन्होंने मनरेगा एवं नगर निगम के अभियंताओं को संयुक्त रूप से स्थल निरीक्षण कर कार्यों की प्रगति एवं अद्यतन स्थिति की नियमित रिपोर्ट उपलब्ध कराने को कहा.
खनुआ नाला के लंबित हिस्सों को शीघ्र पूरा करने का निर्देश
समीक्षा के दौरान बताया गया कि रूद्र होटल, करीमचक एवं म्युनिसिपल चौक सहित खनुआ नाला के कुछ हिस्सों में कार्य शेष है. सुधा डेयरी के पास अनापत्ति प्रमाणपत्र प्राप्त है अतः दुर्गापूजा के पश्चात कार्य प्रारंभ करने की जानकारी दी गई. जिला पदाधिकारी ने रूद्र होटल के पास तत्काल कार्य शुरू करने तथा खनुआ नाला से संबंधित रिवाइज्ड प्लान प्रस्तुत करने का निर्देश बुडको को दिया. उन्होंने मोना चौक से मेवालाल चौक तक लंबित कार्यों की भी समीक्षा की. तिनकोनिया से मोना चौक होते हुए साढा ढाला तक लगभग 60 मीटर हिस्से मात्र में कार्य पूर्ण किए जाने की जानकारी पर उन्होंने निर्देश दिया कि जहां-जहां नाला काटकर कार्य अधूरा छोड़ा गया है, वहां अविलंब निर्माण पूरा किया जाए। डीएम आवास तथा डीडीसी आवास तथा के सामने लंबित नाला निर्माण को भी प्राथमिकता से पूरा करने को कहा गया.
जलजमाव एवं बैकफ्लो की समस्या के स्थायी समाधान पर जोर
बैठक में शहर के विभिन्न क्षेत्रों में पानी के बैकफ्लो, जलजमाव तथा जलनिकासी की बाधाओं की विस्तृत समीक्षा की गई. जिला पदाधिकारी ने संबंधित अभियंताओं को प्रस्तावित योजनाओं की तकनीकी व्यवहार्यता की जांच कर प्रभावी समाधान प्रस्तुत करने का निर्देश दिया. तिनकोनिया से रूपगंज तक लगभग 300 मीटर क्षेत्र के कैचमेंट एरिया से निकलने वाले पानी की निकासी की व्यवस्था पर विशेष चर्चा हुई. सुधा डेयरी से तिनकोनिया तक आईपीएस के माध्यम से जलनिकासी की संभावना की समीक्षा करते हुए आवश्यक तकनीकी प्रस्ताव तैयार करने को कहा गया. संप हाउस की आवश्यकता के संबंध में नगर आयुक्त को इसकी व्यवहार्यता की जांच करने का निर्देश दिया गया. करीमचक एवं पटेल छात्रावास क्षेत्र में पानी के बैकफ्लो की समस्या के समाधान के लिए भी संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई करने को कहा गया. करीमचक में आरसीसी द्वारा कल्वर्ट निर्माण के लिए बिहार राज्य पुल निर्माण निगम द्वारा अनापत्ति प्रमाणपत्र दिए जाने की जानकारी दी गई. जिला पदाधिकारी ने जलनिकासी व्यवस्था को सुचारू बनाने के लिए सभी संबंधित एजेंसियों के बीच समन्वय सुनिश्चित करने पर बल दिया.
नाला निर्माण में बाधा बन रहे अतिक्रमण, पेड़ एवं विद्युत पोल हटाने की कार्रवाई तेज होगी
बैठक में एनएच-19 के लेफ्ट आउट हिस्से, रूपगंज तथा ब्रह्मपुर से दरोगा राय चौक तक नाला निर्माण में आ रही बाधाओं पर चर्चा की गई। बताया गया कि कुछ स्थानों पर पेड़ एवं विद्युत पोल के कारण कार्य बाधित है. इसके लिए प्राक्कलन तैयार कर वन विभाग एवं विद्युत विभाग को आवश्यक कार्रवाई हेतु भेजने की प्रक्रिया की जा रही है. जिला पदाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को इन बाधाओं का शीघ्र निराकरण कर निर्माण कार्य आगे बढ़ाने का निर्देश दिया. उन्होंने सदर अंचलाधिकारी को निर्देशित किया कि जहां भूमि की मापी आवश्यक है, वहां प्राथमिकता के आधार पर मापी कराई जाए तथा अतिक्रमण पाए जाने पर उसे हटाकर कार्य प्रारंभ कराने की कार्रवाई की जाए. उन्होंने सभी संबंधित एजेंसियों को अपने स्तर से की गई कार्रवाई का सत्यापन कर प्रतिवेदन उपलब्ध कराने को कहा.

