CHHAPRA DESK- - सारण डीएम वैभव श्रीवास्तव एवं डीडीसी लक्ष्मण तिवारी ने आज छपरा सदर अस्पताल का गहन निरीक्षण कर चिकित्सा सुविधाओं, स्वच्छता, निर्माण कार्यों एवं आधारभूत संरचना की समीक्षा की. निरीक्षण के उपरांत उन्होंने रोगी कल्याण समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए अस्पताल की व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने एवं मरीजों को गुणवत्तापूर्ण सुविधाएं उपलब्ध कराने हेतु आवश्यक निर्देश दिए. निरीक्षण के दौरान जिला पदाधिकारी ने बीएसएमआईसीएल द्वारा कराए जा रहे निर्माण कार्यों की प्रगति की जानकारी ली तथा पर्याप्त मैनपावर एवं मशीनरी के साथ निर्धारित समय-सीमा में कार्य पूरा करने का निर्देश दिया. डीआरडीए निदेशक को कार्यों की प्रतिदिन समीक्षा कर प्रगति प्रतिवेदन उपलब्ध कराने को कहा. जिसके बाद उन्होंने ड्रग स्टोर, ब्लड बैंक, ब्लड सेपरेशन यूनिट, टीबी सेंटर एवं अन्य चिकित्सा इकाइयों का निरीक्षण किया. ड्रग सेफ्टी ऑफिसर को नियमित ऑडिट कराने तथा अस्पताल परिसर की स्वच्छता को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का निर्देश दिया. उन्होंने अस्पताल परिसर में कार्यालयों को एक भवन में सुव्यवस्थित रूप से शिफ्ट करने, अग्निशमन वाहनों के आवागमन हेतु आवश्यक फायर फाइटिंग मार्ग का सत्यापन कराने तथा सड़क, ड्रेनेज एवं जलनिकासी व्यवस्था को बेहतर बनाने हेतु पेवर ब्लॉक लगाने के निर्देश दिए. साथ ही, उपयोग किए गए पानी के पुनः उपयोग की व्यवस्था विकसित करने एवं नगर निगम के माध्यम से नियमित कचरा उठाव सुनिश्चित करने को कहा.

 रोगी कल्याण समिति की बैठक में 31 अक्टूबर तक लघु योजनाओं को पूर्ण कराने पर जोर

बैठक में जिला पदाधिकारी ने समिति के सदस्यों से अस्पताल की व्यवस्थाओं एवं आवश्यकताओं के संबंध में फीडबैक प्राप्त किया. प्राप्त सुझावों के आधार पर मिशन कायाकल्प के अंतर्गत विभिन्न लघु योजनाओं को प्राथमिकता के साथ प्रस्तावित कर 31 अक्टूबर तक पूर्ण कराने का निर्देश दिया. बैठक में ओपीडी, आर्ट सेंटर, पोस्टमार्टम भवन, निबंधन केंद्र एवं दवा वितरण केंद्र के आसपास पेवर ब्लॉक निर्माण, एमसीएच भवन की मरम्मत एवं परिसर में पेवर ब्लॉक कार्य, 20 सोलर लाइट की स्थापना, मुख्य द्वार पर ग्लो साइन बोर्ड, आईसीटी आधारित सिटीजन चार्टर, बायोमेडिकल वेस्ट के संधारण हेतु कमरे का निर्माण तथा पोस्टमार्टम भवन के सामने प्रतीक्षालय निर्माण सहित विभिन्न प्रस्तावों पर चर्चा की गई. इसके अतिरिक्त कैंसर डे-केयर हेतु आवंटित कमरे का उन्नयन, अस्पताल परिसर का सौंदर्यीकरण, पीसीए प्लांट की शिफ्टिंग, एमसीएच भवन में बायोमेट्रिक अटेंडेंस मशीन की स्थापना एवं ब्लड सेपरेशन यूनिट से संबंधित कार्यों पर भी विचार-विमर्श किया गया.