MUZAFFARPUR DESK - बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में बेखौफ अपराधियों का तांडव थमने का नाम नहीं ले रहा है. इंटर की परीक्षा देकर घर लौट रही 17 वर्षीया छात्रा के सनसनीखेज अपहरण मामले में नामजद मुख्य अभियुक्त उत्तम राय ने दुस्साहस की सारी हदें पार कर दीं. उसे पकड़ने गई कटरा के जाजुआड़ पुलिस टीम पर कुख्यात ने ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं और इसके बाद पिस्टल की नोक पर एक राहगीर से बाइक लूटकर मौके से फरार हो गया. इस दुस्साहसिक वारदात के बाद इलाके में भारी दहशत का माहौल है. घटना की सूचना मिलते ही सिटी एसपी मोहिबुल्लाह अंसारी ने खुद मौके पर पहुंचकर मामले की छानबीन शुरू कर दी है.
कार रोककर छात्रा का किया था अपहरण
इस मामले की जड़ें पिछले दिनों हुई एक खौफनाक वारदात से जुड़ी हैं. दर्ज प्राथमिकी के मुताबिक, सीतामढ़ी जिले के बोखड़ा थाना क्षेत्र के बठौल निवासी नाबालिग को वर्ना कार से मुजफ्फरपुर में इंटर की परीक्षा दिलाकर लौट रही थीं. शाम करीब सात बजे चैनपुर गाछी के पास दो अपाचे बाइक पर सवार नकाबपोश अपराधियों ने उनकी कार को घेर लिया.कार रुकते ही उजले रंग की अपाचे से उतरे कुख्यात उत्तम राय ने सीधे फायरिंग शुरू कर दी. इसके बाद उत्तम राय ने अपने सहयोगियों—नंद कुमार राय, अनिल राय, बिद्धू राय और शोभित राय के साथ मिलकर बंदूक की नोक पर छात्रा का जबरन अपहरण कर लिया और लोहिया चौक की तरफ फरार हो गए थे. पुलिस ने मौके से जिंदा कारतूस और खाली खोखा भी बरामद किया था.
पुलिस को देखते ही झोपड़ी से झोंक दी फायरिंग
इसी अपहरण कांड के मुख्य आरोपी उत्तम राय के चैनपुर गाछी स्थित राम बाबू राय की झोपड़ी में छिपे होने की सटीक खबर दोपहर करीब 12:30 बजे जाजुआड़ थानाध्यक्ष को मिली. सूचना के आधार पर पुलिस की विशेष टीम ने झोपड़ी की घेराबंदी कर दबिश दी. खुद को चारों तरफ से घिरता देख बेखौफ उत्तम राय और उसके साथी ने पुलिस पर ही सीधे जानलेवा फायरिंग शुरू कर दी. अचानक हुई गोलीबारी के बाद पुलिस जवानों ने भी बचाव में हवाई फायरिंग की. हालांकि, गोलियों की गूंज और इलाके की भौगोलिक स्थिति का फायदा उठाकर दोनों कुख्यात बदमाश भागने में सफल रहे. भागने के दौरान अपराधियों का दुस्साहस यहीं नहीं रुका. उन्होंने रास्ते में एक राहगीर को पिस्टल दिखाकर उसकी बाइक छीन ली और तेज रफ्तार में फरार हो गए. सिटी एसपी ने बताया कि उत्तम राय एक पेशेवर और अत्यंत शातिर अपराधी है, जिस पर मुजफ्फरपुर, सीतामढ़ी और दरभंगा के विभिन्न थानों में हत्या के प्रयास, रंगदारी और अपहरण जैसे 13 से अधिक संगीन मामले दर्ज हैं. पुलिस टीम पर जानलेवा हमला करने और राहगीर से बाइक लूटने के जुर्म में जाजुआड़ थाने में दो अलग-अलग नई प्राथमिकी दर्ज की गई हैं. फरार अपराधियों को गिरफ्तार करने के लिए एसआईटी (SIT) का गठन कर ताबड़तोड़ छापेमारी की जा रही है.


