PATNA / SITAMARHI DESK - बिहार के सीतामढ़ी जिले के बाजपट्टी के अंचलाधिकारी (सीओ) प्रभात कुमार को निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम ने गिरफ्तार कर लिया. उनके खिलाफ पिछले साल रिश्वतखोरी का मामला दर्ज हुआ था. उसी केस में कार्रवाई की गई. निगरानी टीम जब सीओ को अरेस्ट करने उनके आवास पहुंची, तो अंचलाधिकारी ने खुद को घर के अंदर बंद कर दिया और उसे चारों तरफ से लॉक कर दिया. निगरानी टीम ने कोर्ट से जारी गिरफ्तारी वारंट के आधार पर यह कार्रवाई की. प्रभात कुमार पर अतिक्रमण हटवाने के बदले रिश्वत मांगने का आरोप है. इस संबंध में उनके खिलाफ दिसंबर 2025 में निगरानी थाना में मामला दर्ज किया गया था. पिछले साल 22 दिसंबर को उन्हें पकड़ने के लिए एक टीम बाजपट्टी पहुंची थी, लेकिन सीओ उस समय किसी कार्य से वह मुख्यालय से बाहर थे. इस कारण वह बच गए थे. प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रभात कुमार वर्तमान में बाजपट्टी अंचलाधिकारी के पद पर कार्यरत हैं. वे मूल रूप से मुंगेर जिले के जमालपुर थाना क्षेत्र स्थित छोटी दौलतपुर मोहल्ला (बसंती दुर्गा मंदिर के निकट) के रहने वाले हैं. निगरानी विभाग की टीम बाजपट्टी स्थित सीओ आवास पर पहुंची. टीम के आते ही सीओ ने पूरे आवास को चारों ओर से बंद कर लिया. जिसके बाद निगरानी टीम ने अनुमंडल पदाधिकारी को स्थिति से अवगत कराया. तब एसडीओ के निर्देश पर प्रतिनियुक्त कार्यपालक दंडाधिकारी की मौजूदगी में बाजपट्टी प्रखंड सह अंचल कार्यालय परिसर स्थित अंचलाधिकारी आवास पर कार्रवाई कर गेट खोला गया. कोर्ट से निर्गत गिरफ्तारी वारंट का अनुपालन करते हुए प्रभात कुमार को विधिवत गिरफ्तार किया गया. गिरफ्तारी की पूरी प्रक्रिया प्रशासनिक निगरानी में संपन्न हुई. बताया गया है कि निगरानी थाना में दर्ज इस मामले में प्रभात कुमार प्राथमिक नामजद आरोपी हैं. उन पर पद का दुरुपयोग करते हुए रिश्वत की मांग करने का आरोप लगाया गया है. मामले की जांच पहले से चल रही थी और न्यायालय के आदेश के बाद गिरफ्तारी की कार्रवाई की गई. गिरफ्तारी के बाद निगरानी विभाग की टीम ने अभियुक्त को अपने कब्जे में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी. उन्हें कोर्ट में पेश करने के लिए ले जाया गया, जहां से मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी. निगरानी विभाग के अधिकारियों ने बताया कि भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों में दोषी पाए जाने वाले किसी भी सरकारी कर्मी या पदाधिकारी के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे. इस गिरफ्तारी के बाद प्रशासनिक एवं सरकारी महकमे में चर्चा का माहौल है.


